भोपाल। ग्वालियर के एमएलबी रोड स्थित एक होटल के बंद कमरे में भाजपा के प्रदेश संगठन मंत्री सुहास भगत ने राज्य के अन्य संभागों से आए संगठन मंत्रियों से चर्चा की। सुहास भगत से मिलने के लिए पूर्व मंत्री नरोत्तम मिश्रा सहित गिनती के भाजपा नेता होटल पहुंचे। पता चला है कि जिन लोगों को बुलाया गया था, वही होटल आए थे। अन्य किसी नेता को होटल के आसपास फटकने तक की इजाजत नहीं थी। माना जा रहा है कि चर्चा का बिंदु विधानसभा चुनाव में सत्ता से बाहर होने व तीन माह बाद ही पार्टी को लोकसभा चुनाव में मिला प्रचंड बहुमत था। इस मंथन से संगठन में महत्वपूर्ण बदलाव के संकेत मिले हैं। बलिदान मेला में शिरकत करने के लिए भाजपा के राष्ट्रीय संगठन मंत्री रामलाल मंगलवार की रात को ग्वालियर आए। उनसे पहले प्रदेश संगठन मंत्री सुहास भगत आ गए थे। प्रदेश के अन्य संभागों से भी संगठन मंत्री आए थे। एमएलबी रोड पर चिड़ियाघर के सामने स्थित होटल के कमरा नंबर 210 में सुहास भगत ने संगठन मंत्रियों से प्रदेश में भाजपा की विपक्ष के रूप में सशक्त भूमिका अदा करने की रणनीति तैयार की। साथ ही कांग्रेस सरकार को घेरने की रणनीति बनाई गई।

प्रदेश संगठन मंत्री सुहास भगत से मिलने के लिए पूर्व मंत्री नरोत्तम मिश्रा भी होटल पहुंचे। नरोत्तम मिश्रा ने पहले कमरा नंबर 201 में इंतजार किया। सुहास भगत से मिलने के बाद वह राष्ट्रीय संगठन मंत्री की आगवानी के लिए रेलवे स्टेशन रवाना हो गए। नरोत्तम मिश्रा का नाम प्रदेश अध्यक्ष के लिए पहले से चर्चाओं में हैं। उनसे पहले भाजपा ग्रामीण के अध्यक्ष वीरेंद्र जैन, बीज निगम के पूर्व अध्यक्ष एवं लोकसभा चुनाव गुना-शिवपुरी संसदीय क्षेत्र में पार्टी की जीत में अहम भूमिका निभाने वाले महेंद्र सिंह यादव व भिंड से भी कुछ लोग मुलाकात के लिए आए थे। गौरतलब है कि विधानसभा चुनाव में ग्वालियर-चंबल में पार्टी को काफी नुकसान हुआ था। लेकिन लोकसभा चुनावों में सभी सीटों पर जीत हासिल की थी। चुनाव के बाद भिंड, गुना, के जिलाध्यक्षों को पहले ही बदला जा चुका है।

Post a Comment

 
Top